
TRISHNA मिशन (तृष्णा): ISRO व CNES का संयुक्त पृथ्वी अवलोकन उपग्रह, पेलोड, जल तनाव, GEOGLAM व Global Water Watch | MPPSC & UPSC Notes
TRISHNA मिशन (ISRO & CNES) का संपूर्ण तकनीकी एवं विश्लेषणात्मक विवरण: 761 किमी सूर्य-तुल्यकालिक कक्षा, TIR (CNES) व VNIR-SWIR (ISRO) पेलोड्स, 57 मीटर स्थानिक विभेदन, जल तनाव (Water Stress), अर्बन हीट आइलैंड, GEOGLAM (G-20), Global Water Watch तथा MPPSC एवं UPSC परीक्षा हेतु 10 FAQs व 8 अभ्यास MCQs।

Key Highlights
TRISHNA (तृष्णा - Thermal InfraRed Imaging Satellite for High-resolution Natural Resource Assessment) मिशन भारत की अंतरिक्ष एजेंसी ISRO (Indian Space Research Organisation) और फ्रांस की राष्ट्रीय अंतरिक्ष एजेंसी CNES (Centre National d’Études Spatiales) का एक ऐतिहासिक संयुक्त पृथ्वी-अवलोकन (Earth Observation) मिशन है। इस मिशन का प्राथमिक फोकस पृथ्वी की सतह के तापमान (Land Surface Temperature), स्थलीय जल तनाव (Water Stress), जल उपयोग दक्षता, जल निकायों की गुणवत्ता, अर्बन हीट आइलैंड और जलवायु परिवर्तन से जुड़े सूक्ष्म तापीय बदलावों की उच्च-रिज़ॉल्यूशन निगरानी करना है। प्रतियोगी परीक्षाओं (MPPSC मुख्य परीक्षा प्रश्नपत्र 3 - विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं पर्यावरण तथा UPSC GS Paper 3 - Science & Technology, Environment & Agriculture) के दृष्टिकोण से TRISHNA मिशन, इसके पेलोड, वैश्विक कृषि निगरानी ढांचा (GEOGLAM) और डेटा प्लेटफॉर्म्स (Global Water Watch) अत्यंत महत्त्वपूर्ण विषय हैं। नवीनतम समसामयिकी के लिए हमारे MPPSC Current Affairs और General Awareness अनुभाग को फॉलो करें।

1. TRISHNA मिशन: प्रमुख तथ्य (Key Mission Parameters)
- मिशन का नाम (Full Name): TRISHNA (Thermal InfraRed Imaging Satellite for High-resolution Natural Resource Assessment)।
- सहभागी अंतरिक्ष एजेंसियां (Partner Agencies): ISRO (भारत) एवं CNES (फ्रांस)।
- ISRO की भूमिका: VNIR-SWIR पेलोड का विकास, सैटेलाइट बस निर्माण और प्रक्षेपण (Launch Operations)।
- CNES की भूमिका: TIR (Thermal Infra-Red) पेलोड का विकास और थर्मल इंफ्रा-रेड डेटा प्रोसेसिंग।
- प्रस्तावित कक्षा (Target Orbit): 761 किमी की ऊँचाई पर सूर्य-तुल्यकालिक कक्षा (Sun-Synchronous Orbit - SSO)।
- नियोजित परिचालन अवधि (Design Lifespan): 5 वर्ष।
- स्थानिक विभेदन - भूमि व तटीय क्षेत्र (Spatial Resolution for Land & Coast): 57 मीटर (हाई-रिज़ॉल्यूशन थर्मल मैपिंग)।
- स्थानिक विभेदन - महासागरीय व ध्रुवीय क्षेत्र (Spatial Resolution for Ocean & Polar): 1 किलोमीटर।
2. TRISHNA मिशन के प्रमुख पेलोड (Scientific Payloads)
- 1. TIR पेलोड (Thermal Infra-Red Payload): इसे फ्रांस की एजेंसी CNES द्वारा विकसित किया गया है। यह 4-चैनल वाला दीर्घ-तरंग इंफ्रारेड (Long-Wave Infrared - LWIR) सेंसर है, जो पृथ्वी की सतह के तापमान (Land Surface Temperature - LST) और उत्सर्जन (Emissivity) का सटीक मापन करता है।
- 2. VNIR-SWIR पेलोड (Visible Near Infrared - Shortwave Infrared): इसे भारत की एजेंसी ISRO द्वारा विकसित किया गया है। इसमें 7 स्पेक्ट्रल बैंड शामिल हैं, जो वनस्पति स्वास्थ्य (Vegetation Health), एल्बेडो (Albedo), मृदा नमी (Soil Moisture) और वायुमंडलीय सुधार डेटा एकत्र करते हैं।

3. TRISHNA मिशन के मुख्य उद्देश्य (Core Scientific Objectives)
- स्थलीय जल तनाव (Water Stress) का आकलन: कृषि क्षेत्रों में वाष्पोत्सर्जन (Evapotranspiration) और मृदा नमी की कमी से होने वाले जल तनाव का सटीक आकलन करना।
- उच्च-रिज़ॉल्यूशन तापमान निगरानी: पृथ्वी की सतह के तापमान और थर्मल उत्सर्जन का 57 मीटर रिज़ॉल्यूशन पर मानचित्रण।
- सिंचाई एवं फसल जल उपयोग दक्षता: फसलों द्वारा जल उपभोग को मापकर कुशल सिंचाई प्रबंधन में किसानों और नीति निर्माताओं की सहायता करना।
- तटीय व अंतर्देशीय जल गुणवत्ता: नदियों, झीलों, जलाशयों और तटीय क्षेत्रों में जल की गुणवत्ता, तापमान विसंगतियों और गतिशीलता की निगरानी।
- अर्बन हीट आइलैंड (Urban Heat Island - UHI): तीव्र शहरीकरण के कारण शहरों में बढ़ते तापीय प्रभावों और हीटवेव का अध्ययन।
- भूतापीय व ज्वालामुखीय विसंगतियाँ: सक्रिय ज्वालामुखियों और भूतापीय ऊर्जा स्रोतों से उत्सर्जित तापीय संकेतों का पता लगाना।
- ग्लेशियर व क्रायोस्फीयर निगरानी: हिमालयी और ध्रुवीय क्षेत्रों में ग्लेशियरों की गतिशीलता, बर्फ पिघलने की दर और पर्माफ्रॉस्ट थॉ (Permafrost Thaw) का अध्ययन।
- वायुमंडलीय पैरामीटर्स: एयरोसोल, वायुमंडलीय जलवाष्प और बादलों के आवरण (Cloud Cover) से संबंधित सटीक डेटा सेट उपलब्ध कराना।
4. TRISHNA क्यों महत्वपूर्ण है? (Strategic & Practical Applications)
- कृषि एवं खाद्य सुरक्षा (Agriculture & Food Security): फसल जल उत्पादकता बढ़ाने, सूखा चेतावनी प्रणाली (Drought Warning Systems) विकसित करने और सटीक कृषि (Precision Agriculture) को बढ़ावा देने में मदद करता है।
- जलवायु परिवर्तन निगरानी (Climate Change Monitoring): वाष्पोत्सर्जन, वैश्विक तापमान वृद्धि, सुखाड़ और भूमि क्षरण (Land Degradation) का दीर्घकालिक वैज्ञानिक डेटा प्रदान करता है।
- जल संसाधन प्रबंधन (Water Resource Management): जल निकायों की भराव क्षमता, उप-समुद्री भूजल निर्वहन (Submarine Groundwater Discharge) और जल संकट वाले क्षेत्रों की पहचान में सहायक।
- क्रायोस्फीयर सुरक्षा (Cryosphere & Glacier Safety): जलविद्युत परियोजनाओं, बाढ़ चेतावनी और ग्लेशियल लेक आउटबर्स्ट फ्लड (GLOF) के जोखिम आकलन हेतु महत्वपूर्ण डेटा। विस्तृत जानकारी के लिए हमारे MPPSC Notes पढ़ें।

5. GEOGLAM एवं Global Water Watch क्या हैं?
- GEOGLAM (Group on Earth Observations Global Agricultural Monitoring): यह जून 2011 में G-20 कृषि मंत्रियों द्वारा स्वीकृत एक वैश्विक पहल है। इसका मुख्य उद्देश्य खाद्य सुरक्षा, फसल उत्पादन पूर्वानुमान और बाजार पारदर्शिता बढ़ाने हेतु पृथ्वी अवलोकन (EO) डेटा का उपयोग करना है। यह खाद्य मूल्य अस्थिरता पर G-20 की कार्ययोजना (Action Plan on Food Price Volatility) का मुख्य भाग है।
- Global Water Watch: यह वैश्विक स्तर पर जल संसाधनों से संबंधित रीयल-टाइम डेटा प्रदान करने वाला एक अत्याधुनिक डेटा प्लेटफॉर्म है। यह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और सैटेलाइट अर्थ ऑब्जर्वेशन (EO) तकनीकों का उपयोग कर दुनिया भर के जलाशयों में जल की मात्रा, प्रमुख नदियों के जल स्तर और प्रवाह की सटीक जानकारी देता है। अपनी परीक्षा तैयारी को मजबूत करने हेतु हमारे Online Courses और Publications देखें।
6. MPPSC & UPSC परीक्षा हेतु क्विक रिवीजन पॉइंट्स (Quick Revision Notes)
- TRISHNA → ISRO (भारत) व CNES (फ्रांस) का संयुक्त पृथ्वी अवलोकन मिशन
- TIR पेलोड → CNES द्वारा निर्मित 4-चैनल वाला लॉन्ग-वेव इंफ्रारेड सेंसर
- VNIR-SWIR पेलोड → ISRO द्वारा निर्मित 7 स्पेक्ट्रल बैंड वाला पेलोड
- ऊँचाई व कक्षा → 761 किमी सूर्य-तुल्यकालिक कक्षा (SSO)
- परिचालन अवधि → 5 वर्ष
- स्थानिक विभेदन → भूमि हेतु 57 मीटर, महासागर हेतु 1 किमी
- मुख्य कार्य → जल तनाव (Water Stress), LST, अर्बन हीट आइलैंड व ग्लेशियर निगरानी
- GEOGLAM → G-20 कृषि मंत्रियों द्वारा जून 2011 में शुरू की गई वैश्विक कृषि निगरानी पहल
- Global Water Watch → AI और EO तकनीकों से जल निकायों की निगरानी करने वाला वैश्विक प्लेटफॉर्म
अभ्यास प्रश्न (Practice Questions)
1TRISHNA (तृष्णा) मिशन निम्नलिखित में से किन दो अंतरिक्ष एजेंसियों की एक संयुक्त पहल है?
2TRISHNA उपग्रह में प्रयुक्त TIR (Thermal Infra-Red) पेलोड किस एजेंसी द्वारा विकसित किया गया है?
3TRISHNA उपग्रह को पृथ्वी की किस कक्षा और ऊँचाई पर स्थापित करने का प्रस्ताव है?
4भूमि और तटीय क्षेत्रों की थर्मल मैपिंग हेतु TRISHNA मिशन का स्थानिक विभेदन (Spatial Resolution) कितना निर्धारित है?
5वैश्विक कृषि निगरानी ढांचा 'GEOGLAM' की शुरुआत किस समूह के कृषि मंत्रियों की पहल पर की गई थी?
6TRISHNA मिशन के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए: 1. VNIR-SWIR पेलोड 7 स्पेक्ट्रल बैंड के साथ ISRO द्वारा विकसित किया गया है। 2. इस मिशन की नियोजित परिचालन अवधि 10 वर्ष है। उपर्युक्त में से कौन-सा/से कथन सत्य है/हैं?
7आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और सैटेलाइट डाटा का उपयोग कर वैश्विक जलाशयों व नदी प्रवाह की निगरानी करने वाला डेटा प्लेटफॉर्म कौन-सा है?
8TRISHNA मिशन निम्नलिखित में से किस तापीय व पर्यावरणीय परिघटना के अध्ययन में सहायक होगा?
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
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