चर्चा में क्यों? (Context & FCRA Bill 2026 Status)
हाल ही में **गृह मंत्रालय (Ministry of Home Affairs
- MHA) द्वारा संसद (लोकसभा) में विदेशी अंशदान (विनियमन) संशोधन विधेयक, 2026 (Foreign Contribution Regulation Amendment Bill, 2026) पेश किया गया है तथा नए FCRA Amendment Rules, 2026** अधिसूचित किए गए हैं।
- FCRA Bill 2026 Kya Hai: यह विधेयक भारत में विदेशी धन (Foreign Grants) प्राप्त करने वाले NGOs और ट्रस्टों की संपत्तियों और गतिविधियों पर सरकारी निगरानी बढ़ाने के लिए लाया गया है।
- नामित प्राधिकारी (Designated Authority): यदि किसी NGO का FCRA लाइसेंस रद्द या सरेंडर होता है, तो उसकी विदेशी संपत्तियों के प्रबंधन हेतु केंद्र सरकार द्वारा एक Designated Authority नियुक्त करने का स्पष्ट प्रावधान किया गया है।
- परीक्षा उपयोगिता: यह टॉपिक MPPSC मुख्य परीक्षा पाठ्यक्रम (द्वितीय प्रश्नपत्र
- भारतीय राजव्यवस्था व लोक प्रशासन) एवं MPPSC प्रारंभिक परीक्षा परीक्षा के लिए अत्यधिक महत्वपूर्ण है।
| विषय / पैरामीटर | नवीनतम विवरण |
|---|---|
| विधेयक का नाम | FCRA Amendment Bill, 2026 / FCRA संशोधन नियम 2026 |
| FCRA Full Form | Foreign Contribution (Regulation) Act |
| नोडल मंत्रालय | गृह मंत्रालय (Ministry of Home Affairs - MHA) |
| विशेष प्रावधान | नामित प्राधिकारी (Designated Authority), 75% व्यय नियम व धर्मांतरण रोक |
| प्राथमिक बैंक | SBI, नई दिल्ली मुख्य शाखा (संसद मार्ग) |
| टारगेट परीक्षा | MPPSC मेंस & प्रीलिम्स & UPSC GS-2 |
FCRA क्या है और FCRA का Full Form? (What is FCRA & Full Form)
FCRA Kya Hai (FCRA क्या है?)
- FCRA (Foreign Contribution Regulation Act) भारत सरकार का एक प्रमुख कानून है जो देश में गैर-सरकारी संगठनों (NGOs), ट्रस्टों और कंपनियों द्वारा विदेशों से प्राप्त होने वाले चंदे, अनुदान (Foreign Funding) और विदेशी आतिथ्य (Foreign Hospitality) को नियंत्रित करता है।
FCRA Ka Full Form (FCRA का फुल फॉर्म)
- अंग्रेजी में Full Form: Foreign Contribution (Regulation) Act
- हिंदी में नाम: विदेशी अंशदान (विनियमन) अधिनियम
FCRA का ऐतिहासिक घटनाक्रम (History & Evolution)
- 1976: आपातकाल के समय विदेशी हस्तक्षेप रोकने हेतु पहली बार FCRA 1976 बना।
- 2010: पुराने कानून को रिप्लेस कर FCRA 2010 लागू किया गया।
- 2020: एक NGO से दूसरे NGO को फंड ट्रांसफर (Sub-granting) पर पूरी रोक लगाई गई और SBI नई दिल्ली में खाता अनिवार्य किया गया।
- 2026 (FCRA Bill & Rules 2026): Designated Authority, 75% fund usage तथा Conversion Excluded नियम लागू किए गए।

FCRA Amendment Bill & Rules 2026 के प्रमुख बिंदु
1. नामित प्राधिकारी (Designated Authority) का गठन
- संपत्ति प्रबंधन: यदि किसी NGO का FCRA लाइसेंस रद्द होता है या समाप्त होता है, तो उसकी विदेशी संपत्तियों के प्रबंधन हेतु केंद्र द्वारा Designated Authority नियुक्त होगी।
2. धर्मांतरण पर कड़ा प्रतिबंध (Strict Anti-Conversion Exclusions)
- Conversion Excluded: नियमावली में स्पष्ट किया गया है कि धर्मांतरण गतिविधियों के लिए विदेशी धन का इस्तेमाल नहीं किया जा सकता। संविधान सभा व मौलिक अधिकारों का इतिहास में अनुच्छेद 25 की व्याख्या देखें।
3. 75% व्यय नियम (75% Fund Utilization Norm)
- अगली किस्त पाने से पहले पिछले प्राप्त फंड का कम से कम 75% घोषित सामाजिक कार्य पर खर्च करना अनिवार्य है।
4. गतिविधि-विशिष्ट पंजीकरण (Activity-Specific Registration)
- NGOs को अपनी विशिष्ट गतिविधि और कार्य करने वाले राज्य का अलग विवरण देना होगा।
5. विदेशी नागरिकों पर रोक (Foreign Functionary Restrictions)
- विदेशी नागरिक (सिवाय PIO/OCI) FCRA संस्थाओं के मुख्य पदाधिकारी नहीं बन सकते।

MPPSC मेंस (पेपर-2) एवं UPSC परीक्षा उत्तर लेखन विश्लेषण
MPPSC मुख्य परीक्षा हेतु उत्तर लेखन बिंदु
- सुरक्षा vs नागरिक समाज: राष्ट्रीय सुरक्षा और गैर-सरकारी संगठनों के जनकल्याणकारी कार्यों में संतुलन। MPPSC Notes Portal पर संपूर्ण मॉडल उत्तर देखें।
- वित्तीय पारदर्शिता: अवैध मनी लॉन्ड्रिंग और धर्मांतरण नेटवर्क पर नकेल।
FCRA के तहत विदेशी धन प्राप्त करने से प्रतिबंधित वर्ग (Prohibited Entities)
- चुनाव उम्मीदवार (Election Candidates)
- सांसद, विधायक व मंत्री (MPs, MLAs & Ministers)
- न्यायाधीश व सरकारी कर्मचारी (Judges & Public Servants)
- राजनीतिक दल (Political Parties)
- समाचार माध्यमों के सम्पादक व प्रकाशक (Editors & Publishers)
महत्वपूर्ण न्यायिक निर्णय (Landmark Judgments)
- Rev. Stanislaus बनाम मध्य प्रदेश राज्य (1977): सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि अनुच्छेद 25 के तहत धर्म प्रचार में धर्मांतरण का अधिकार शामिल नहीं है।
- Noel Harper बनाम भारत संघ (2022): सुप्रीम कोर्ट ने FCRA 2010 व 2020 संशोधनों की संवैधानिक वैधता को बरकरार रखा।
- INSAF बनाम भारत संघ (2020): राष्ट्रीय संप्रभुता हेतु विदेशी फंड के नियमन को जायज ठहराया।
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परीक्षा उपयोगी त्वरित तथ्य
- FCRA Full Form → Foreign Contribution (Regulation) Act
- नोडल मंत्रालय → गृह मंत्रालय (MHA)
- मुख्य बैंक शाखा → SBI, नई दिल्ली मुख्य शाखा
- पंजीकरण वैधता → 5 वर्ष (6 माह पूर्व नवीनीकरण)
- NGO से NGO फंड ट्रांसफर → पूर्णतः प्रतिबंधित (2020)
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अभ्यास प्रश्न (Practice Questions)
1FCRA (विदेशी अंशदान विनियमन अधिनियम) का नोडल मंत्रालय कौन-सा है?
2FCRA का पूर्ण रूप (Full Form) क्या है?
3FCRA Bill 2026 के तहत रद्द हुए NGOs की विदेशी संपत्तियों का प्रबंधन करने के लिए किसकी नियुक्ति का प्रावधान है?
4FCRA के अंतर्गत विदेशी अंशदान प्राप्त करने हेतु अनिवार्य प्राथमिक बैंक खाता कहाँ खोलना होता है?
5FCRA संशोधन नियम 2026 के अनुसार, NGOs को विदेशी फंड की अगली किस्त प्राप्त करने से पहले पिछले फंड का कितना प्रतिशत व्यय करना अनिवार्य है?
6FCRA पंजीकरण (Registration) की वैधता अवधि कितने वर्षों की होती है?
7Rev. Stanislaus बनाम मध्य प्रदेश राज्य (1977) का ऐतिहासिक मामला किस विषय से संबंधित है?
8निम्नलिखित में से कौन-सा व्यक्ति या संस्था FCRA के तहत विदेशी अंशदान प्राप्त करने के लिए कानूनन प्रतिबंधित (Prohibited) है?
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
लेख के स्रोत
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